Category: उत्तर लेखन

भारत में ग्रामीण समाज पर वैश्वीकरण के प्रभाव : वैश्वीकरण के नकारात्मक प्रभावों से निपटने हेतु रणनीतियां

प्रश्न: भारत में ग्रामीण समाज पर वैश्वीकरण के प्रभाव का आलोचनात्मक परीक्षण कीजिए। साथ ही, वैश्वीकरण द्वारा प्रस्तुत किए गए अवसरों […]...

भारत में निर्धनता : निर्धनता-रोधी कार्यक्रम

प्रश्न: भारत में निर्धनता से मुकाबला करने की रणनीति निर्धनता-रोधी कार्यक्रमों के प्रभावी कार्यान्वयन और रोजगार गहन आर्थिक विकास, दोनों पर […]...

भारत की जनसँख्या वृद्धि : जनसंख्या स्थिरीकरण हेतु सरकार द्वारा उठाए गए कदम

प्रश्न: उन कारकों का वर्णन कीजिए, जिन्होंने भारत की जनसँख्या वृद्धि की प्रवृत्ति को प्रभावित किया है। साथ ही, जनसंख्या स्थिरीकरण […]...

कुपोषण के संदर्भ में तिहरे बोझ : अल्पपोषण, अतिपोषण और सूक्ष्म पोषक तत्वों की कमी

प्रश्न: भारत वर्तमान में अल्पपोषण, अतिपोषण और सूक्ष्म पोषक तत्वों की कमी के “तिहरे बोझ” का सामना कर रहा है। […]...

विकलांग व्यक्ति : गरिमापूर्ण जीवन जीने के मार्ग में व्याप्त विभिन्न चुनौतियां

प्रश्न: विकलांग व्यक्तियों के गरिमापूर्ण जीवन जीने के मार्ग में व्याप्त विभिन्न चुनौतियां क्या हैं? समाज में उनकी प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित […]...

भारत में परिवार की पारंपरिक संरचना : वर्तमान सामाजिक सुरक्षा उपायों में आवश्यक सुधार

प्रश्न: भारत में परिवार की पारंपरिक संरचना में परिवर्तन की समकालीन प्रवृत्तियों और इसके कारणों का परीक्षण कीजिए। इस संबंध में […]...

भारत में आंतरिक प्रवासन : प्रवासियों द्वारा सामना की जाने वाली चुनौती

प्रश्न: भारत में आंतरिक प्रवासन के स्तर को देखते हुए, प्रवासियों द्वारा सामना की जाने वाली चुनौतियों पर प्रकाश डालिए। […]...

सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज़ : आयुष्मान भारत योजना का महत्त्व और चुनौती

प्रश्न: सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज़ एक सार्थक लक्ष्य है, यद्यपि भारत जैसे देश में इस लक्ष्य को प्राप्त करना एक चुनौतीपूर्ण […]...

विश्व में परिवर्तित होता रोजगार परिदृश्य : भारत में स्कूली पाठ्यक्रम व व्यावसायिक शिक्षा

प्रश्न: सम्पूर्ण विश्व में परिवर्तित होता रोजगार परिदृश्य भारत में स्कूली पाठ्यक्रम के साथ व्यावसायिक शिक्षा के समेकन को अनिवार्य बनाता […]...

भारत में सांप्रदायिकता : सामाजिक-आर्थिक असमानताएं और पहचान का राजनीतिकरण

प्रश्न: भारत में सांप्रदायिकता को सामाजिक-आर्थिक असमानताओं और पहचान के राजनीतिकरण से बढ़ावा मिलता है। चर्चा कीजिए। दृष्टिकोण सांप्रदायिकता को संक्षेप […]...