1. कड़वाहट के लिए मानव जीभ का संवेदनशील क्षेत्र है-
(a) नोक (टिप)
(b) मध्य भाग
(c) पीछे का भाग
(d) किनारा
(e) उपर्युक्त में से कोई नहीं उपर्युक्त में से एक से अधिक
[66th B.P.S.C. (Pre) 2020]
उत्तर – (c) पीछे का भाग
- मानव जीभ का अन्न छोर मीठे, पश्च भाग कड़वे, पार्श्व किनारे खट्टे तथा अग्र छोर एवं किनारे नमकीन स्वादों का अनुभव करते हैं।
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2. मानव शरीर में पाचन का अधिकांश भाग किस अंग में संपन्न होता है?
(a) पेंक्रियाज
(b) बड़ी आंत
(c) छोटी आंत
(d) आमाशय
[U.P.P.C.S. (Pre) 1991]
उत्तर – (c) छोटी आंत
- मानव शरीर में पाचन (digestion) का अधिकांश भाग छोटी आंत (small intestine) में संपन्न होता है।
- इसके अलावा पचे हुए पदार्थों का अवशोषण (absorption) मुख्यतः छोटी आंत में ही होता है।
- हालांकि भोजन का पाचन मनुष्य में मुंह से प्रारंभ होकर बड़ी आंत (large intestine) तक चलता रहता है।
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3. मनुष्य की मुख गुहा में निम्न में से किसका पाचन प्रारंभ होता है?
(a) प्रोटीन
(b) वसा
(c) कार्बोहाइड्रेट
(d) उपरोक्त में से कोई नहीं
[M.P.P.C.S. (Pre) 2019]
उत्तर – (c) कार्बोहाइड्रेट
- मनुष्य की मुख गुहा में लार (Saliva) में उपस्थित एमाइलेज एंजाइम स्टार्च (कार्बोहाइड्रेट का एक रूप) को माल्टोज और डेक्स्ट्रिन में तोड़ देता है।
- इस प्रकार मुख गुहा में कार्बोहाइड्रेट का पाचन प्रारंभ होता है।
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4. लार निम्न में से किसके पाचन में सहयोग करती है?
(a) स्टार्च
(b) प्रोटीन
(c) रेशे
(d) वसा
[R.A.S./R.T.S. (Pre) 2012]
उत्तर – (a) स्टार्च
- लार के पाचन कार्यों में शामिल हैं-भोजन को गीला करना और भोजन की लुग्दी बनाना, ताकि उसे आसानी से निगला जा सके।
- लार में एंजाइम ‘एमाइलेस’ होता है, जो स्टार्च को शर्करा में तोड़ता है।
- लार में लाइसोजाइम नामक एंजाइम भी होता है, जो भोजन के साथ आए हुए जीवाणुओं को नष्ट करने में सहायक होता है।
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5. कथन (A): मानव शरीर में यकृत वसा के पाचन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
कारण (R): यकृत दो महत्वपूर्ण वसा-पाचक एंजाइम उत्पन्न करता है।
(a) दोनों (A) तथा (R) दोनों सही है तथा (R), (A) का सही कारण है।
(b) दोनों (A) तथा (R) दोनों सही है, परंतु (R), (A) का सही कारण नहीं है।
(c) (A) सही है, परंतु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है, परंतु (R) सही है।
[I.A.S. (Pre) 2008]
उत्तर – (c) (A) सही है, परंतु (R) गलत है।
- यकृत से पित्त की थैली में पित्त रस पहुंचता है, जो वसायुक्त भोजन के पाचन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
- यकृत वसा-पाचक एंजाइम नहीं उत्पन्न करता है।
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6. एंजाइम एक-
(a) विटामिन है।
(b) बैक्टीरियम है।
(c) बायो-उत्प्रेरक है।
(d) वायरस है।
[Uttarakhand P.C.S. (Pre) 2010]
उत्तर – (c) बायो-उत्प्रेरक है।
- एंजाइम वस्तुतः प्रोटीन होते हैं, जो बायो-उत्प्रेरक के रूप में जैव-रासायनिक क्रियाओं को उत्प्रेरित या उनकी गति को बढ़ाने का कार्य करते हैं।
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7. एंजाइम मूलतः क्या हैं-
(a) वसा
(b) शर्करा
(c) प्रोटीन
(d) विटामिन
[U.P.P.C.S. (Pre) 1996, U.P.P.C.S. (Mains) (Spl.) 2004, M.P.P.C.S. (Pre) 1990, Uttarakhand P.C.S. (Mains) 2002, Uttarakhand P.C.S. (Pre) 2002, U.P. Lower Sub. (Mains) 2013]
उत्तर – (c) प्रोटीन
- एंजाइम (Enzyme) मूलतः प्रोटीन (Protein) होते हैं, जिनका निर्माण प्रायः नाइट्रोजनीय पदार्थों या अमीनो अम्ल के संश्लेषण द्वारा होता है।
- जैव क्रिया में एक विशेष प्रकार के एंजाइम एक विशेष कार्यों को संपादित करते हैं।
- ये उसी प्रकार कार्य करते हैं, जिस प्रकार एक ताले को खोलने के लिए विशेष चाभी होती है।
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8. एंजाइम है-
(a) वसा
(b) आर.एन.ए.
(c) प्रोटीन
(d) उपर्युक्त में से कोई नहीं
[Jharkhand P.C.S. (Pre) 2013]
उत्तर – (c) प्रोटीन
- एंजाइम (Enzyme) मूलतः प्रोटीन (Protein) होते हैं।
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9. निम्नलिखित में से कौन-सा एंजाइम ग्लूकोज को इथेनॉल में परिवर्तन करने को प्रेरित करता है?
(a) जाइमेज
(b) इनवरटेज
(c) माल्टेज
(d) डायस्टेज
[Jharkhand P.C.S. (Pre) 2013]
उत्तर – (a) जाइमेज
- जाइमेज नामक एंजाइम ग्लूकोज को इथेनॉल में परिवर्तित करता है।
C6H12O6 जाइमेज 2C2H5OH+2CO2
(ग्लूकोज) (इथेनॉल)
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10. जैविक सिस्टम (Living System) में रासायनिक क्रिया की प्रक्रिया को तेज (Catalyse) करने में उत्तरदायी पदार्थ है-
(a) बैक्टीरिया
(b) डी.एन.ए.
(c) एंजाइम
(d) प्रोटीन्स
[44th B.P.S.C. (Pre) 2000]
उत्तर – (c) एंजाइम
- जैविक सिस्टम (Living System) में रासायनिक क्रिया की प्रक्रिया को तेज (Catalyse) करने में उत्तरदायी पदार्थ एंजाइम (Enzyme) है।
- सभी एंजाइम प्रोटीन्स होते हैं।
- बहुत से कार्बनिक पदार्थ जैसे- प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट एवं वसा को सरल अणुओं में परिवर्तित करने की क्रिया एंजाइम द्वारा संपन्न होती है।
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11. निम्नलिखित में से किस एक की उत्पत्ति, यकृत का कार्य है?
(a) लाइपेज़
(b) यूरिया
(c) श्लेष्मा
(d) हाइड्रोक्लोरिक अम्ल
[I.A.S. (Pre) 2007]
उत्तर – (b) यूरिया
- यकृत (Liver) मानव शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि (Gland) है।
- यह उदर गुहा में, तंतुपट अर्थात डायफ्राम के ठीक नीचे, आंत्रयोजनी अर्थात मीसेन्ट्री से संयुक्त गहरे लाल-भूरे रंग का होता है।
- इसका भार लगभग तीन पौण्ड होता है। यह मानव शरीर का एक महत्वपूर्ण पाचक अंग है, जिसके द्वारा लगभग 500 क्रियाओं का संपादन किया जाता है।
- इसकी कुछ मुख्य क्रियाएं हैं, जैसे- पित्त (Bile) का उत्पादन, रक्त प्लाज्मा के कुछ प्रोटीनों का उत्पादन, ग्लाइकोजेनोसिस क्रिया द्वारा ग्लूकोज का ग्लाइकोजन में परिवर्तन, रक्त में अमीनो अम्ल का नियमन तथा विषाक्त अमोनिया को यूरिया में परिवर्तित करना आदि।
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12. लिपिड्स का पाचन निम्नलिखित में से कुछ की उपस्थिति में होता है-
1. पित्त अम्ल
2. लाइपेज
3. पेप्सिन
इनमें से –
(a) केवल 1 सही है।
(b) केवल 1 और 3 सही हैं।
(c) केवल 1 और 2 सही हैं।
(d) 1, 2 और 3 सही हैं।
[U.P.P.C.S. (Mains) 2016]
उत्तर – (c) केवल 1 और 2 सही हैं।
- हमारे भोजन सामग्री में अधिकांश लिपिड्स सरल वसाओं अर्थात ट्राइग्लिसराइड्स के रूप में होते हैं।
- लिपिड्स के पाचन में लाइपेज नामक एंजाइम की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यह लिपिड्स को वसीय अम्लों तथा मोनोग्लिसराइड्स में विखंडित करते हैं।
- लाइपेज एंजाइम प्राकृतिक रूप से अग्न्याशय तथा आमाशय से स्रावित होने वाले रस में उपस्थित होता है।
- पित्त में कोई पाचक एंजाइम नहीं होता, फिर भी यह लिपिड्स के पाचन एवं अवशोषण में सहायक होता है।
- यह वसा का इमल्सीकरण (Emulsification) करता है।
- पेप्सिन नामक एंजाइम प्रोटीन के पाचन में सहायक होता है।
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13. एंजाइम ‘लाइपेज’ का स्रोत है
(a) गुर्दा
(b) अग्न्याशय
(c) यकृत
(d) हृदय
(e) उपर्युक्त में से कोई नहीं/उपर्युक्त में से एक से अधिक
[66th B.P.S.C. (Pre) (Re. Exam) 2020]
उत्तर – (b) अग्न्याशय
- लाइपेज एंजाइम प्राकृतिक रूप से अग्न्याशय तथा आमाशय से स्रावित होने वाले रस में उपस्थित होता है।
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14. मानव तंत्र में निम्नलिखित में से कौन-सा एक पाचक एंजाइम नहीं है?
(a) ट्रिप्सिन
(b) गैस्ट्रिन
(c) टायलिन
(d) पेप्सिन
[I.A.S. (Pre) 2007]
उत्तर – (b) गैस्ट्रिन
- ट्रिप्सिन (Trypsin), टायलिन (Ptyalin) तथा पेप्सिन (Pepsin) पाचक एंजाइम हैं, जिनका स्राव क्रमशः अग्न्याशय, लार ग्रंथि तथा आमाशय द्वारा किया जाता है।
- ट्रिप्सिन एक पेप्टॉइडेज है, जो पेप्टॉइड्स को तोड़ने का कार्य करता है।
- टायलिन नामक एंजाइम लार में पाया जाता है, जो मण्ड (starch) को माल्टोज तथा डेक्सट्रिन (Dextrin) में तोड़ने का कार्य करता है जबकि गैस्ट्रिन (Gastrin) एक हॉर्मोन है, जो कि आमाशय में जी-कोशिकाओं (G-Cells) तथा ग्रहणी द्वारा मुक्त होती है।
- यह आमाशय के द्वारा गैस्ट्रिक अम्ल के स्रावण (Secretion) को उद्दीपित करता है।
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15. मानव शरीर में प्रोटीन का पाचन निम्नलिखित में से किस अंग में प्रारंभ होता है?
(a) यकृत
(b) मुंह
(c) छोटी आंत
(d) आमाशय
[U.P. P.C.S. (Pre) 2020]
उत्तर – (d) आमाशय
- मानव शरीर में प्रोटीन का पाचन आमाशय में प्रारंभ होता है।
- हालांकि पाचन का अधिकांश भाग छोटी आंत में संपन्न होता है तथा पचे हुए पदार्थों का अवशोषण (Absorption) भी मुख्यतः छोटी आंत में ही होता है।
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16. कथन (A): हमारे आहार में सभी प्रोटीनों का पाचन केवल क्षुद्रांत्र में होता है।
कारण (R): अग्न्याशय से प्रोटीनों का पाचन करने वाली एंजाइम को क्षुद्रांत्र में छोड़ा जाता है।
कूट :
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं और (R), (A) का सही स्पष्टीकरण है।
(b) A) और (R) दोनों सही हैं और (R), (A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
(c) (A) सही है, परंतु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है, परंतु (R) सही है।
[I.A.S. (Pre) 2005]
उत्तर – (d) (A) गलत है, परंतु (R) सही है।
- कथन (A) गलत है, जबकि कारण (R) सही है।
- आहारनाल में प्रोटीनों का पाचन आमाशय (Stomach) में ही प्रारंभ हो जाता है, जिसके लिए जठर रस में पेप्सिन (Pepsin) नामक एंजाइम भोजन के प्रोटीन को पेप्टोन में बदल देती है।
- आमाशय के पश्चात भोजन जब ग्रहणी (Duodenum) में पहुंचता है, तो अग्न्याशय द्वारा अग्न्याशयिक रस भोजन से जा मिलता है, जिसमें प्रोटीन के पाचन के लिए ट्रिप्सिन (Trypsin) नामक एन्जाइम होता है, जो कि प्रोटीन को पॉलीपेप्टाइड (Polypeptide) में परिवर्तित कर देता है।
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17. प्रोटीनों के पाचन में सहायक एंजाइम है-
(a) यूरिएज
(b) सल्फेटेज
(c) ट्रिप्सिन
(d) प्रोटिएस
[U.P.P.C.S. (Pre) 2010]
उत्तर – (c) ट्रिप्सिन
- प्रोटीन के पाचन के लिए ट्रिप्सिन (Trypsin) नामक एन्जाइम होता है, जो कि प्रोटीन को पॉलीपेप्टाइड (Polypeptide) में परिवर्तित कर देता है।
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18. स्टार्च को जल अपघटन से ग्लूकोज (Hydrolysis Starch) बनाने वाला एंजाइम है-
(a) इन्वर्टेज
(b) एमाइलेज
(c) डीहाइड्रोजीनेज
(d) एनहाइड्रेज
[R.A.S./R.T.S. (Pre) 1999]
उत्तर – (b) एमाइलेज
- एमाइलेज (Amylase) नामक एंजाइम का स्राव लार ग्रंथियों तथा अग्न्याशय (Pancreas) द्वारा किया जाता है, जो कि भोजन में स्टार्च (मण्ड) के जल अपघटन (Hydrolysis) से ग्लूकोज (Glucose) निर्मित करता है।
|
19. कौन-से परिवर्तन में एंजाइम ट्रिप्सिन उत्प्रेरक का कार्य करता है-
(a) प्रोटीन को पेप्टोन में
(b) प्रोटीन को पेप्टाइड में
(c) प्रोटीन को अमीनो अम्लों में
(d) स्टार्च को ग्लूकोज में
[R.A.S./R.T.S. (Pre) 1999]
उत्तर – (c) प्रोटीन को अमीनो अम्लों में
- ट्रिप्सिन (Trypsin) नामक एंजाइम का स्राव अग्न्याशय (Pancreas) द्वारा किया जाता है, जो कि प्रोटीन को अमीनो अम्लों (Amino acids) में परिवर्तन के लिए उत्प्रेरक (Catalyst) का कार्य करता है।
- ध्यातव्य है कि अग्न्याशय एक मिश्रित ग्रंथि (Mixed Gland) है, जिससे हॉर्मोन तथा पाचक रस का स्राव होता है।
- पाचक रस क्षारीय (Alkaline) होते हैं, जिन्हें अग्न्याशयिक रस (Pancreatic Juice) भी कहते हैं।
|
20. मानव शरीर में पुच्छ, कौन-सी संरचना से संलग्न होता है?
(a) बृहदांत्र
(b) क्षुद्रांत्र
(c) पित्ताशय
(d) आमाशय
[I.A.S. (Pre) 2007]
उत्तर – (a) बृहदांत्र
- मानव शरीर में स्थित पुच्छ (Appendix) या कृमिरूप परिशेषिका एकअवशेषी अंग (Vestigial Organs) है। यह छोटी व बड़ी आंत के जोड़
के पास स्थित होता है।
- इसका आकार छोटे कृमि (Worm) की तरह का होता है, जो बड़ी आंत (बृहदांत्र) से सीकम (Cecum) द्वारा जुड़ा होता है।
- आरंभ में जीवन पूर्णतः शाकाहारी था, जिसमें सेल्युलोज युक्त पत्तियों के पाचन के लिए इस अंग का उपयोग किया जाता था।
- कालांतर में मानव सभ्यता के विकास के साथ मनुष्यों के सर्वाहारी होने के कारण इस अंग का कार्य समाप्त हो गया।
- इस प्रकार यह अंग वर्तमान समय में अवशेष मात्र रह गया जबकि शाकाहारी जंतुओं गाय, बैल इत्यादि में सेल्युलोज पाचन हेतु पुच्छ आज भी विकसित अवस्था में है।
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21. मानव शरीर में क्षुद्रांत्र के तीन संरचनात्मक भागों की लंबाई का कौन-सा सही हासवान क्रम है?
(a) मध्यान्त्र ग्रहणी शेषान्त्र
(b) शेषान्त्र ग्रहणी मध्यान्त्र
(c) मध्यान्त्र शेषान्त्र ग्रहणी
(d) शेषान्त्र मध्यान्त्र ग्रहणी
[I.A.S. (Pre) 2007]
उत्तर – (d) शेषान्त्र मध्यान्त्र ग्रहणी
- मानव शरीर में उपस्थित क्षुदांत्र या छोटी आंत (Small Intestine) आहार नाल का एक भाग होती है, जो कि आमाशय तथा बड़ी आंत के मध्य स्थित होती है।
- इसमें अधिकांश भोजन का पाचन (Digestion) होता है तथा पचे भोजन का अवशोषण किया जाता है।
- यह ग्रहणी (Duodenum), मध्यान्त्र (Jejunum) तथा शेषान्त्र (Ileum) में विभेदित होता है, जिनकी क्रमशः लंबाई 25 सेमी., 2.5 मीटर तथा 3.5 मीटर होती है।
- छोटी आंत अत्यधिक कुंडलित नलिका होती है।
|
22. एंजाइम तथा उसके कार्यों के सही जोड़े का चयन करें:
| (a) अम्लीय फॉस्फेट्स |
सूत्रकणिका चिह्नक किण्वन, जो ऑक्सीकारक कार्यों से संबंधित है। |
| (b) ई. कोलाई प्रतिबंधित एन्डो-न्यूक्लियेस-II |
डी.एन.ए. को विशिष्ट स्थलों पर काटने के लिए |
| (c) ऐक्रोसिन |
अंडे के कॉर्टिकल कणों द्वारा स्रावित, जो बहुशुक्राणु निषेचन को रोकता है। |
| (d) सक्सिनिक डीहाइड्रोजिनेस |
लाइसोसोमल चिह्नक एंजाइम, जो उपापचयों का जल अपघटन करता हैं। |
[R.A.S./R.T.S. (Re. Exam) (Pre)2013]
उत्तर – (b) ई. कोलाई प्रतिबंधित एन्डो-न्यूक्लियेस-II – डी.एन.ए. को विशिष्ट स्थलों पर काटने के लिए
- ई. कोलाई बैक्टीरिया से स्रावित एक एंजाइम इ. कोलाई प्रतिबंधित एन्डो-न्यूक्लियेस-II या इको आर टू (Eco RII) डी.एन.ए. को विशिष्ट स्थलों पर काटने के लिए प्रयुक्त होता है।
|
23. निम्नलिखित में से कौन-सा लार की सहायता से पच जाता है?
(a) प्रोटीन
(b) स्टार्च
(c) रेशे
(d) उपर्युक्त में से कोई नहीं
[Jharkhand P.C.S. (Pre) 2013]
उत्तर – (b) स्टार्च
- लार में उपस्थित एमाइलेज एंजाइम, स्टार्च को शर्करा में तोड़कर इसके पाचन में सहायता करता है।
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24. नीचे दो कथन दिए गए हैं-
अभिकथन (A): मानव शरीर सेल्युलोज के पाचन में असक्षम है।
कथन (R): मानव शरीर में स्टार्च- अपघटक एंजाइम, डायस्टेज, विद्यमान रहता है।
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए-
कूट :
(a) (A) तथा (R) दोनों सही हैं और (A) का सही स्पष्टीकरण (R) है।
(b) (A) तथा (R) दोनों सही हैं, किंतु (R), (A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
(c) (A) सत्य है, किंतु (R) असत्य है।
(d) (A) असत्य है, किंतु (R) सत्य है।
[U.P. P.C.S. (Pre) Exam. 2017]
उत्तर – (b) (A) तथा (R) दोनों सही हैं, किंतु (R), (A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
- मानव शरीर सेल्युलोज के पाचन में असक्षम है।
- मनुष्य के पाचन तंत्र में सेल्युलोज को पचाने वाले एंजाइम नहीं पाए जाते हैं, परंतु स्टार्च-अपघटक एंजाइम, लारीय डायस्टेज (Salivary Diastase) जो स्टार्च को माल्टोज में तोड़ता है, मनुष्य की लार में भी पाया जाता है।
- अतः दोनों कथन सही हैं, परंतु डायस्टेज की वजह से सेल्युलोज का पाचन नहीं होगा, यह तर्कसंगत नहीं है।
- अतः कथन (R) कथन (A) की व्याख्या नहीं करता है।
|
25. शरीर में अतिरिक्त ग्लूकोज, ग्लाइकोजन में परिवर्तित होकर भंडारित रहता है-
(a) आमाशय में
(b) यकृत में
(c) अग्न्याशय में
(d) पित्त में
[U.P.P.C.S. (Mains) 2004]
उत्तर – (b) यकृत में
- मानव शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि यकृत है, जिसका प्रमुख कार्य रक्त में उपस्थित अतिरिक्त ग्लूकोज को ग्लाइकोजन के रूप में परिवर्तित करके संचित रखना है।
- आवश्यकतानुसार यह ग्लाइकोजन ग्लूकोज में बदल कर शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है।
- इस प्रकार यकृत अतिरिक्त शर्करा एवं ऊर्जा में सामंजस्य बनाए रखता है।
|
26. दस दिनों से अधिक दिन तक उपवास करने पर लिवर पर क्या प्रभाव पड़ता है?
(a) लिवर में ग्लूकोस स्तर कम हो जाता है।
(b) लिवर में ग्लूकोस स्तर अधिक हो जाता है।
(c) लिवर में ट्राइग्लिसराइड्स घटने लगता है।
(d) लिवर में ट्राइग्लिसराइड्स बढ़ने लगता है।
[U.P. R.O./A.R.O. (Pre) 2021]
उत्तर – (a) लिवर में ग्लूकोस स्तर कम हो जाता है।
- 10 दिनों से अधिक उपवास की स्थिति में लिवर में ग्लूकोज का स्तर कम होने लगता है।
|
27. यकृत एवं मांसपेशियों में ऊर्जा जमा होती है-
(a) कार्बोहाइड्रेट के रूप में
(b) वसा के रूप में
(c) प्रोटीन के रूप में
(d) ग्लाइकोजन के रूप में
[B.P.S.C. 56th to 59th (Pre) 2015]
उत्तर – (d) ग्लाइकोजन के रूप में
- शरीर की कोशिकाओं को कार्य करने के लिए ऊर्जा की आवश्यकता होती है।
- यह ऊर्जा शुगर, वसा, प्रोटीन की रासायनिक क्रियाओं से प्राप्त होती है। शुगर शरीर में ग्लूकोज में परिवर्तित हो जाती है, जो एक सरल शर्करा है।
- यह अवशोषित होकर, रक्त से विभिन्न अंगों, ऊतकों में पहुंच जाती है।
- यकृत, मांसपेशियों में मुख्यतः ग्लूकोज /ऊर्जा ग्लाइकोजन के रूप में जमा होता है।
|
28. मानव शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि कौन-सी होती है?
(a) यकृत
(b) अग्न्याशय
(c) अवटु ग्रंथि
(d) आमाशय
[M.P.P.C.S. (Pre) 1990]
उत्तर – (a) यकृत
- मानव शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि (Gland) यकृत (Liver) है, जबकि शरीर की सबसे बड़ी अंतःस्रावी ग्रंथि (Endocrine Gland) अवटु ग्रंथि (Thyroid Gland) है।
- यकृत लगभग 15 से 22 सेमी. लंबा एवं चौड़ा तथा भार (Weight) में लगभग 1.5 किग्रा. होता है।
- यह एक प्रमुख पाचक ग्रंथि है जो कि कार्बोहाइड्रेट उपापचय, वसा उपापचय, पित्त का स्रावण इत्यादि कार्य करती है।
|
29. मानव शरीर में सबसे बड़ी ग्रंथि है-
(a) अग्न्याशय
(b) यकृत
(c) लार ग्रंथि
(d) अधिवृक्क ग्रंथि
[M.P.P.C.S. (Pre) 2016]
उत्तर – (b) यकृत
- मानव शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि (Gland) यकृत (Liver) है, जबकि शरीर की सबसे बड़ी अंतःस्रावी ग्रंथि (Endocrine Gland) अवटु ग्रंथि (Thyroid Gland) है।
|
30. निम्न अंगों में से पित्त का संचय किसमें होता है?
(a) प्लीहा
(b) अग्न्याशय
(c) अपेंडिक्स
(d) पित्ताशय
[R.A.S./R.T.S. (Pre) 1992]
उत्तर – (d) पित्ताशय
- पित्त (Bile) का स्रावण यकृत द्वारा होता है, किंतु इसके संचय का कार्य पित्ताशय (Gall Bladder) करता है।
- इसके अलावा यह यकृत से आए पित्त से जल सोखकर इसका अत्यधिक सांद्रण (Concentration) भी करता है।
- पित्ताशय लगभग 8 सेमी. लंबी तथा 4 सेमी. चौड़ी अंडाकार (Oval) थैली होती है, जो कि उदरगुहा में स्थित होती है।
|
31. शरीर के किस भाग में पित्त का निर्माण होता है?
(a) यकृत
(b) तिल्ली
(c) पित्ताशय की थैली
(d) पैन्क्रियाज
[U.P.P.C.S. (Pre) 1999]
उत्तर – (a) यकृत
- पित्त (Bile) का स्रावण यकृत द्वारा होता है, किंतु इसके संचय का कार्य पित्ताशय (Gall Bladder) करता है।
|
32. पित्ताशय में उपस्थित पत्थर निम्नलिखित में से किसका पाचन प्रभावित करता है?
(a) प्रोटीन का
(b) वसा का
(c) कार्बोहाइड्रेट का
(d) न्यूक्लिक अम्ल का
[U.P. P.C.S. (Pre) Exam. 2017,U.P. P.C.S. (Mains) 2017]
उत्तर – (b) वसा का
- पित्ताशय यूकत से उत्पन्न पित्त का भंडारण करता है।
- पित्ताशय के अंदर पित्त अवयवों के संघनन से बना हुआ रवाकृत जमाव ही पित्त की पथरी है।
- पित्त की पथरी वसायुक्त भोजन के पाचन में समस्या उत्पन्न कर सकती है।
|
33. सामान्य मानव के संदर्भ में निम्न कथनों पर विचार कीजिए:
1. HCL की मौजूदगी की अनुक्रिया के रूप में ग्रहणी से सेक्रिटिन उत्पन्न होती है।
2. वसीय अम्लों की मौजूदगी की अनुक्रिया के रूप में क्षुद्रांत्र से एन्टेरोगेस्ट्रॉन उत्पन्न होता है।
इनमें से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
(a) केवल 1
(b) केवल 2
(c) दोनों 1 और 2
(d) दोनों में से कोई भी नहीं
[I.A.S. (Pre) 2003]
उत्तर – (c) दोनों 1 और 2
- सेक्रिटिन (Secretin) नामक हॉर्मोन का स्रावण काइम की अम्लीयता से प्रोत्साहित होता है, जो कि जठरीय स्रावण (Gastric Secretion) को रोकता है।
- क्षुदांत्र द्वारा एन्टेरोगैस्ट्रान (Enterogastrone) नामक हॉर्मोन का स्रावण होता है।
|
34. निम्नलिखित में से कौन-सा एंजाइम प्रोटीनों को एमीनो अम्लों में विघटित करता है?
(a) पेप्सिन
(b) लैक्टेस
(c) यूरिएस
(d) जाइमेस
[R.O./A.R.O. (Pre) Exam. 2017]
उत्तर – (a) पेप्सिन
- प्रोटीनों का पाचन आमाशय (Stomach) में प्रारंभ होता है।
- आमाशय में पेप्सिन नामक एंजाइम प्रोटीनों को छोटे पॉलीपेप्टाइड (Smaller Polypeptides) और उनके घटक एमीनो अम्लों में विघटित करता है।
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35. सूची-1 को सूची-11 से सुमेलित कीजिए और सूचियों के नीचे दिए गए कूट का प्रयोग करके सही उत्तर चुनिए:
| सूची-1 |
सूची-II |
| (A) टायलिन |
1. रक्त में ऐंजिओटेंसिनोजेन को ऐंजिओटेंसिन में बदलता है |
| (B) पेप्सिन |
2. स्टार्च को पचाता है। |
| (C) रेनिन |
3. प्रोटीन को पचाता है। |
| (d) ऑक्सीटोसिन |
4. वसाओं को जल-अपघटित करता है।
5. मसृण पेशियों (Smooth Muscles) में सिकुड़न प्रेरित करता है। |
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5. मसृण पेशियों (Smooth Muscles) में सिकुड़न प्रेरित करता है। |
कूट:
ABCD
(a)2,3,1,5
(b)3,4,2,5
(c)2,3,5,1
(d)3,1,2,4
[I.A.S. (Pre) 2001]
उत्तर – (a) 2,3,1,5
- सुमेलित क्रम इस प्रकार है-
| टायलिन |
स्टार्च को पचाता है। |
| पेप्सिन |
प्रोटीन को पचाता है। |
| रेनिन |
रक्त में ऐंजिओटॅसिनोजेन को ऍजिओटेसिन में बदलता है। |
| ऑक्सीटोसिन |
मसूण पेशियों (Smooth Muscles) में सिकुड़न प्रेरित करता है। |
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36. सूची-1 को सूची-II से सुमेलित कीजिए और सूचियों के नीचे दिए गए कूट का प्रयोग करके सही उत्तर चुनिए-
| सूची-1 |
सूची-II |
| (A) विटामिन |
1. पेप्सिन |
| (B) एंजाइम |
2. कैरोटिन |
| (C) हॉर्मोन |
3. केरेटिन |
| (D) प्रोटीन |
4. टेस्टोस्टेरोन प्रोजेस्टेरोन |
कूट :
ABCD
(a)1,2,3,4
(b)2.1,4,3
(c)2,1,3,4
(d)1,2,4,3
[U.P. Lower Sub. (Pre) 1998, I.A.S. (Pre) 1996]
उत्तर – (b) 2,1,4,3
- सुमेलित क्रम इस प्रकार है-
| विटामिन |
कैरोटिन |
| एंजाइम |
पेप्सिन |
| हॉर्मोन |
टेस्टोस्टेरोन /प्रोजेस्टेरोन |
| प्रोटीन |
केरेटिन |
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37. कॉलम 1 को कॉलम II से सुमेलित कर, नीचे दिए गए कूटों की सहायता से सही उत्तर का चयन कीजिए।
कॉलम – 1 |
कॉलम – II |
| (A) द्राक्षा-शर्करा |
(i) फ्रक्टोज |
| (B) फल शर्करा |
(ii) सुक्रोज |
| (C) दुग्ध शर्करा |
(iii) प्राकृतिक स्वीटनर |
| (D) चीनी |
(iv) ग्लूकोज |
| (E) स्टीविया |
(v) लैक्टोज |
कोड :
ABCDE
(a) (ii),(iv),(v),(iii),(i)
(b) (i),(iii),(iv),(v),(ii)
(c) (iv),(i),(v),(ii),(iii)
(d) (i),(iv),(v),(iii),(ii)
[R.A.S/R.T.S. (Pre) 2018]
उत्तर – (c) (iv),(i),(v),(ii),(iii)
- सही सुमेलन है-
| द्राक्षा-शर्करा |
ग्लूकोज |
| फल शर्करा |
फ्रक्टोज |
| दुग्ध शर्करा |
लैक्टोज |
| चीनी |
सुक्रोज |
| स्टीविया |
प्राकृतिक स्वीटनर |
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38. ग्लूकोज का सूत्र है-
(a) C6H12O11
(b) C6H10O5
(c) C6H12O6
(d) C6H6O6
(e) उपर्युक्त में से कोई नहीं/ उपर्युक्त में से एक से अधिक
[B.P.S.C. (Pre) 2019]
उत्तर – (c) C6H12O6
- ग्लूकोज एक सरल कार्बोहाइड्रेट है। इसका रासायनिक सूत्र CHO है।
- यह जल, एसीटिक अम्ल तथा कई अन्य विलायकों में घुलनशील होता है।
- यह स्वाद में मीठा होता है।
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